
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 समस्तीपुर। ”बाल विवाह न सिर्फ त्याग करने योग्य सामाजिक कुरीति है बल्कि एक जघन्य सामाजिक अपराध भी है। इसे रोकने केलिए सरकार ने कठोर कानून भी बनाए हैं। मगर बाल विवाह को लेकर अंधविश्वास की जड़ें समाज में इतनी गहरी हैं कि, सिर्फ कानून बना कर इसे नहीं मिटाया जा सकता। बाल विवाह को मिटाने के लिए व्यापक जन सहभागिता बेहद जरूरी है।“
समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम :
बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत बाल विवाह के रोकथाम को लेकर आयोजित व्यापक जन जागरूकता कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने उक्त बातें कही। इस दौरान उन्होंने कहा कि, “अक्षय तृतीया के अवसर पर अक्सर बाल विवाह के मामले बढ़ जाते हैं, इसलिए इस दिन जागरूकता अभियान चलाना अत्यंत आवश्यक है। जवाहर ज्योति बाल विकास केंद्र द्वारा इस दिशा में किया गया यह प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।”
महिला एवं बाल विकास निगम तथा जिला प्रशासन का रहा सहयोग :
बताते चलें कि, बुधवार को जवाहर ज्योति बाल विकास केंद्र के नेतृत्व में अक्षय तृतीया के अवसर पर बाल विवाह रोकथाम हेतु व्यापक जन जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उत्क्रमित उच्च माध्यमिक विद्यालय, बिशनपुर बांदे में आयोजित यह कार्यक्रम महिला एवं बाल विकास निगम तथा जिला प्रशासन के सहयोग से सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
छात्र–छात्राओं ने लिया संकल्प :
समाज में बाल विवाह जैसी कुरीति के खिलाफ जागरूकता फैलाना एवं बच्चों को उनके अधिकारों के प्रति सचेत करने को लेकर आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यालय के छात्र-छात्राओं की सक्रिय भागीदारी रही। जिसमें उन्होंने बाल विवाह मुक्त समाज बनाने का संकल्प लिया।
बाल अधिकार, सुरक्षा एवं सरकारी योजनाओं की दी जानकारी :
इस दौरान महिला एवं बाल विकास निगम से डी.एम.सी. गौरव कुमार, जी.एस. राजेश कुमार एवं डॉली कुमारी ने छात्र-छात्राओं के बीच “सखी वार्ता” का आयोजन किया। जिसमें बालिकाओं को उनके अधिकार, सुरक्षा एवं सरकारी योजनाओं की जानकारी दी गई।
महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी :
इस क्रम में विद्यालय के प्राध्यापक पंकज कुमार एवं शिक्षक सत्यप्रकाश ने भी बच्चों को शिक्षा के महत्व और बाल विवाह के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया। वहीं जवाहर ज्योति बाल विकास केंद्र की जिला कार्यक्रम समन्वयक डॉ. दीप्ती कुमारी, सामुदायिक सामाजिक कार्यकर्ता विभा कुमारी, अकाउंट ऑफिसर पप्पु यादव एवं प्रोजेक्ट कोऑर्डिनेटर रवि कुमार मिश्रा ने बच्चों को बाल अधिकार, बाल विवाह, पॉक्सो अधिनियम, एवं बाल श्रम जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी।