
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 डेस्क ताजपुर। मोदी सरकार सूचना अधिकार कानून की तरह मनरेगा को भी खत्म करने की साज़िश कर रही है। योजनाबद्ध तरीके से मनरेगा का नाम बदलने के बहाने मजदूरों, गरीबों, पिछड़े लोगों से उनका अधिकार छीन रही है। सरकार के इस कृत्य को देश की जनता बर्दाश्त नहीं करेगी।
मंगलवार को मनरेगा की जगह नई योजना विबी जी राम जी और बिना वैकल्पिक व्यवस्था दिए अतिक्रमण हटाने के बहाने गरीबों को उजाड़ने की कार्रवाई के विरोध में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए भाकपा माले नेता सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने उक्त बातें कही।
उन्होंने कहा कि पुस्तैनी सरकारी जमीन पर सभी भूमिहीन बसे हैं। उन्हें पर्चा एवं अन्य सरकारी सुविधा देकर समाज एवं विकास के मुख्य धारा में जोड़ने की जरूरत है और इसके लिए कानून भी बने हैं। लेकिन प्रशासन द्वारा बगैर पुनर्वास की व्यवस्था किए फूटपाथी दुकानदार, झुग्गी-झोपड़ी पर बुलडोजर चलाया जा रहा है। भाकपा माले भाजपा-जदयू की बुलडोजर की सरकार के इस कृत्य का विरोध करती है।
अपने संबोधन में माले नेता ने उजाड़ने से पहले भूमि-आवास देकर बसाने, वेंडिंग जोन एवं पार्किंग जोन बनाने आदि मांगों को लेकर 5 जनवरी को प्रखंड मुख्यालय पर संयुक्त वामपंथी दलों द्वारा धरना-प्रदर्शन करने एवं 25 दिसंबर को जनता मैदान में संयुक्त वामपंथी दलों की कार्यकर्ता बैठक करने की घोषणा की।
मनरेगा में किये गये बदलाव को वापस लेने, दलितों-गरीबों के झोपड़ियों पर बुलडोजर चलाने पर रोक लगाने, भूमिहीनों को वास भूमि एवं आवास देने, धान खरीद की गारंटी करने आदि मांगों को लेकर भाकपा माले नेता व कार्यकर्ताओं ने मंगलवार को राजधानी चौक से जुलूस निकाला।
सरकार विरोधी नारे लगाता जुलूस आसपास के क्षेत्रों का भ्रमण करने के बाद पुनः राजधानी चौक पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। मौके पर शंकर सिंह, मो० रहमान, चांद बाबू, महावीर सिंह, दिनेश प्रसाद सिंह, ललन दास, मुकेश कुमार गुप्ता, आसिफ होदा, मो० एजाज, शंकर महतो, संजीव राय, राजदेव प्रसाद सिंह समेत बड़ी संख्या में भाकपा माले कार्यकर्ता मौजूद थे।