
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 मुजफ्फरपुर। “वृक्षारोपण केवल औपचारिक गतिविधि नहीं है, बल्कि यह जीवन और पर्यावरण के बीच संतुलन का आधार है। आने वाली पीढ़ी को स्वस्थ, सुरक्षित एवं स्वच्छ पर्यावरण सौंपना हम सभी की जिम्मेदारी है। इसके लिए पर्यावरण संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण केलिए वृक्षारोपण के साथ–साथ उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना आवश्यक है।”
शुक्रवार को बीज निदेशालय, ढोली परिसर में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर आयोजित वृक्षारोपण व 50 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन समारोह के अवसर पर अपने संबोधन में निदेशक डॉ. डी.के. राय ने उक्त बातें कही।
“क्वालिटी सीड ग्रोवर” जैसे प्रशिक्षण कारगर :
अतिथि सम्मान एवं उद्घाटन की औपचारिकता के साथ आरंभ समापन समारोह में डॉ. रॉय ने पर्यावरण संरक्षण और कृषि क्षेत्र में हो रहे बदलावों पर विस्तार से चर्चा की और कहा कि “बदलते कृषि परिदृश्य में किसानों और युवाओं को वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाना होगा, ताकि उत्पादन बढ़ने के साथ-साथ गुणवत्ता भी सुनिश्चित की जा सके। “क्वालिटी सीड ग्रोवर” जैसे प्रशिक्षण कार्यक्रम इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम हैं।”
दिया गया वैज्ञानिक खेती का व्यावहारिक ज्ञान :
डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय से संबद्ध तिरहुत कॉलेज ऑफ एग्रीकल्चर ढोली स्थित बीज निदेशालय में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर वृक्षारोपण कार्यक्रम एवं 50 दिवसीय “क्वालिटी सीड ग्रोवर” प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलता पूर्वक सम्पन्न हो गया। प्रशिक्षण अवधि के दौरान प्रतिभागियों को विभिन्न फसलों की वैज्ञानिक खेती का विस्तृत व्यावहारिक ज्ञान दिया गया।
सही तकनीक से उत्पादन और गुणवत्ता में सुधार :
इसमें खाद्यान्न, दलहन, तेलहन और सब्जियों की उन्नत किस्मों, बीज उपचार, पौध प्रबंधन, सिंचाई तकनीक, रोग एवं कीट नियंत्रण तथा कटाई के बाद सुरक्षित भंडारण व प्रबंधन की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण के दौरान प्रत्यक्षण के माध्यम से किसानों को बताया गया कि, “सही तकनीक अपनाकर उत्पादन और गुणवत्ता दोनों में सुधार किया जा सकता है।”
संचालन व समीक्षा :
कार्यक्रम का संचालन प्रशिक्षण प्रभारी डॉ. राजेश कुमार एवं डॉ. हेम चंद्र चौधरी ने किया। समापन सत्र का संचालन एवं औपचारिक समापन डॉ. राजीव कुमार श्रीवास्तव, डॉ. विनय कुमार चौधरी एवं डॉ. श्रुति कुमारी द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। इस दौरान पूरे प्रशिक्षण की समीक्षा और अनुभव साझा किए गए।
उपस्थिति :
प्रशिक्षणार्थियों एवं किसानों ने अपने अनुभव साझा किये। अंत में सभी प्रशिक्षणार्थियों को आम, लीची एवं अन्य फलदार पौधे, सीड किट और प्रशिक्षण मैनुअल प्रदान किए गए। इस अवसर पर कार्यालय के कर्मचारीगण मनीष कुमार, राहुल कुमार, यमन कुमार, नित्या नंद निराला, प्रमोद कुमार, अरुण कुमार एवं ब्रह्मदेव पंडित उपस्थित थे।
