
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 डेस्क समस्तीपुर। स्वास्थ्य सबसे बड़ा धन है। अमीर हो या गरीब स्वस्थ जीवन सभी चाहते हैं और इस पर बच्चे, बूढ़े, स्त्री, पुरुष सबका सामान अधिकार है। उम्मीद का उद्देश्य उन बस्तियों और समुदायों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुँचना है जो अक्सर मुख्यधारा के स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित रह जाते हैं।
द उम्मीद के संस्थापक अमरजीत कुमार ने रविवार को केवस नियामत में आयोजित एक निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर के दौरान उक्त बातें कही।
उन्होंने कहा कि हमारी टीम लगातार यह सुनिश्चित कर रही है कि हर बच्चा, हर महिला और हर परिवार बेहतर स्वास्थ्य, और शिक्षा के प्रति सजग और जागरूक हो। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में ऐसे और भी शिविर बड़े पैमाने पर आयोजित किए जाएंगे।
बताते चलें कि राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) और एनसीसी के पूर्ववर्ती कैडेट्स द्वारा संचालित बिहार का सबसे कम उम्र के युवा-नेतृत्व वाला सामाजिक संगठन द उम्मीद ने मिशन जन आरोग्य के तहत जितवारपुर निजामत वार्ड-16 (हरिजन बस्ती) में निःशुल्क स्वास्थ्य जाँच शिविर का आयोजन किया।
करीब 4 घंटे तक चले इस शिविर में 200 से अधिक लाभार्थियों ने अपना स्वास्थ्य परीक्षण कराया। द उम्मीद के कोर अध्यक्ष डॉ सोमेंदु मुखर्जी के नेतृत्व में आयोजित इस शिविर में अनुभवी एवं कुशल चिकित्सकों ने ब्लड प्रेशर, शुगर, हीमोग्लोबिन, महिलाओं एवं बच्चों का पोषण स्तर, त्वचा संबंधी समस्याएँ, एनीमिया आदि की जाँच की तथा नि:शुल्क परामर्श जैसी सेवाएँ प्रदान दिए।
इसके पूर्व अतिथियों के स्वागत सम्मान के बाद शिविर का उद्घाटन करते हुए द उम्मीद मेडिकल कोर अध्यक्ष डॉ. सोमेंद्र मुखर्जी ने कहा स्लम क्षेत्रों में बढ़ती स्वास्थ्य चुनौतियाँ आज गंभीर चिंता का विषय हैं।
इन दिनों अनियंत्रित रक्त चाप, बढ़ता शुगर स्तर, कुपोषण, महिलाओं में एनीमिया, स्किन इंफेक्शन, बच्चों की कमजोर प्रतिरोधक क्षमता और मौसमी संक्रमण लगातार बढ़ रहे हैं।
ऐसे हालात में समय पर जांच, सही आहार, परामर्श और जागरूकता ही जीवन बचाने का सबसे प्रभावी उपाय है।डॉ मुखर्जी ने कहा कि द उम्मीद का लक्ष्य अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवाएँ पहुँचाना बेहद सराहनीय कार्य है।
इस अवसर पर डॉ. ए.एन. सिन्हा ने कहा कि समुदाय में स्वास्थ्य के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना आज के दौर की सबसे बड़ी आवश्यकता है। कई बार देखने में छोटी या मामूली तकलीफ को बड़ी बीमारी बनते देर नहीं लगती। इसलिए बीमारियों की समय रहते पहचान कई जीवन बचा सकती है। द उम्मीद द्वारा किया गया प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव ला रहा है।”
इसी दौरान द उम्मीद गर्ल्स विंग ने प्रेसिडेंट हेमा के नेतृत्व में महिलाओं के लिए महिला हेल्थ & हाइजीन अवेयरनेस सत्र आयोजित किया, जिसमें 200 से अधिक महिलाओं को मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता, एनीमिया जागरूकता, जल स्वच्छता और महिला स्वास्थ्य अधिकारों पर विस्तृत जानकारी दी गई तथा उनके बीच सेनेटरी पैड वितरण भी किया गया।
मौके पर अमरेश यादव, मुकेश कुमार, द उम्मीद के उपाध्यक्ष आदेश कुमार, बोर्ड मेंबर अमन, पूजा, दीपक ,प्रियंका, ब्यूटी, प्रियांशु, साथ ही विकर्ष पारा मेडिकल कॉलेज के छात्र-छात्राओं सहित द उम्मीद टीम के सभी सदस्य उपस्थित रहे।