
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 डेस्क मोरवा । यज्ञ में हवन के दौरान तिल, जौ, घी, अरवा चावल, धूप एवं जड़ी बूटियों से तैयार समिधा की जो आहूति दी जाती है, वह एक तरफ जहां देवताओं का भोजन बनता है, वहीं सृष्टी की शुद्धता और वृष्टि का कारण बनता है। साथ ही यज्ञ से निकलने वाले सुगंधित धुआं और ताप से पर्यावरण स्वच्छ और शुद्ध होता है।
मंगलवार को राधा कृष्ण महायज्ञ के आयोजक निकसपुर मुखिया प्रतिनिधि सह समाजसेवी अरुण सक्सेना ने राधा कृष्ण महायज्ञ समिति की बैठक को संबोधित करते हुए उक्त बातें कही। अपने संबोधन में उन्होंने राधा कृष्ण महायज्ञ के आयोजन को समाज में नैतिकता एवं सुख शांति और समृद्धि बढ़ाने के लिए आवश्यक बताया।
बताते चलें कि स्थानीय महाविद्यालय के सचिव, अवकाश प्राप्त शिक्षक एवं वयोवृद्ध समाजसेवी तारिणी प्रसाद राय की अध्यक्षता में, वीर भूमि प्रांगण अवस्थित भगवान राधा कृष्ण मंदिर के प्रांगण में आयोजित इस बैठक में, वृंदावन से आये संत संतोष बाबा एवं संजीव बाबा की उपस्थिति में सर्वसम्मति से 9 दिसंबर से 19 दिसंबर तक राधा कृष्ण महा यज्ञ आयोजित करने का निर्णय लिया गया।
अध्यक्षता कर रहे शिक्षाविद श्री राय ने अपने संबोधन में बताया कि आगामी 9 दिसंबर को 8 बजे पुर्वाह्न मंगल कलश शोभा यात्रा निकाली जायेगी एवं 16 दिसंबर को महायज्ञ की पूर्णाहुति होगी।
इस बैठक में स्थानीय ग्रामीणों के साथ-साथ जिले के श्रद्धालुओं से तन मन धन से सहयोग देकर सहभागी बनने का आह्वान किया गया। बैठक को निकसपुर की मुखिया संजू सक्सेना, डॉक्टर मनोज सिंह, सत्यनारायण बाबा, संजीव बाबा, संतोष बाबा, सरयु राय,
गणेश कुमार यादव, पन्ना दास, अमीरचंद पासवान, रंजन ठाकुर, विकास कुमार ठाकुर, हीरा दास ,देवेंद्र शर्मा, संजय शर्मा, महेश्वर पासवान, मोतीलाल राय, शंकर सिंह, लालबाबू सिंह कुशवाहा, दीपक ठाकुर, सुमंत ठाकुर आदि ने संबोधित किया। मौके पर बडी संख्या में श्रद्धालु एवं ग्रामीण मौजूद थे।