
ओईनी न्यूज नेटवर्क
समस्तीपुर । आसपास की घटनाओं, स्थितियों, परिस्थितियों आदि के संबंध में क्रमबद्ध अध्ययन एवं सिलसिलेवार अवलोकन से इच्छित निष्कर्ष पर पहुंचना ही विज्ञान कहलाता है। आम तौर पर हम अपने दैनिक जीवन में कई बार इस तरह की गतिविधियों में जाने अनजाने शामिल हो जाते हैं, जिन पर हम गौर नहीं करते। और गौर करने से न्यूटन जैसे वैज्ञानिक का जन्म हो जाता है।

राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के अवसर पर भुईंधारा स्थित सिटी सेंट्रल स्कूल के प्रांगण में विज्ञान महोत्सव के अवसर पर छात्रों व अभिभावकों को संबोधित करते हुए सिटी सेन्ट्रल स्कूल ग्रुप के निदेशक संजीव पाण्डेय ने उक्त बातें कही।
उन्होंने कहा कि बच्चे स्वभाव से ही अन्वेषक होते हैं। पढ कर, सुन कर, देख कर सीखने से अधिक वे कर के सीखना चाहते हैं। उनके इसी कौतुहल और जिज्ञासु प्रवृति को समुचित आकार देने की ही हम कोशिश करते हैं।
बताते चलें कि विज्ञान महोत्सव के इस अवसर पर मानव जीवन में विज्ञान विषयक प्रदर्शनी का आयोजन किया भी गया। जिसमें में छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और एक से बढ़कर एक बेहतरीन मॉडलों का प्रदर्शन किया।
इस क्रम में उन्होंने विद्यालय के प्राचार्य एवं विज्ञान शिक्षकों द्वारा पूछे गए प्रश्नों का सहजता एवं संयम के साथ सटीक उत्तर देकर संतुष्ट किया। विज्ञान महोत्सव के इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने आधुनिक युग ही विज्ञान है विषय पर सरल, सुगम एवं सुगम शब्दों में अपने विचार प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किये।

विज्ञान प्रदर्शनी के सफल प्रदर्शन से अभिभूत होकर विद्यालय के शिक्षकों के साथ-साथ विद्यालय के निदेशक संजीव कुमार पांडे ने भी बच्चों की तारीफ करते हुए बधाई दी और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य तन्मय चक्रवर्ती, विज्ञान शिक्षक नयन देवनाथ, रामप्रवेश कुमार, राजीव झा सहित सभी शिक्षक व छात्र-छात्रायें उपस्थित थे।
