
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 डेस्क समस्तीपुर। रालोमो सुप्रीमो उपेन्द्र कुशवाहा के पुत्र दीपक प्रकाश को बगैर किसी सदन का सदस्य बने मंत्री बनाए जाने पर राजद ने एनडीए की कडी आलोचना की है। राजद जिला प्रवक्ता राकेश कुमार ठाकुर ने एनडीए के इस कृत्य की भत्र्सना करते हुए कहा कि नकली राष्ट्रवाद, नकली हिन्दुत्व के साथ-साथ भ्रष्टाचार और दुष्कर्म का विरोध तो एनडीए नेताओं का नकली था ही, गुरूवार को साबित हो गया कि परिवारवाद पर एनडीए का विरोध भी नकली है।
गांधी मैदान मेें संपन्न शपथ ग्रहण में नीतीश कुमार के नए मंत्रिमंडल ने एनडीए के परिवारवाद की कलई खोल कर रख दी है। श्री ठाकुर ने कहा कि आये दिन एनडीए के नेताओं द्वारा राजद और कांग्रेस सहित विपक्षी दलों पर परिवारवाद का आरोप लगाया जाता रहा है।
लेकिन बिहार मंत्रिमंडल गठन के बाद एनडीए के नेता परिवारवाद को लेकर चुप है मानों उनकी जुबान को काठ मार गया है। उन्हें इस पर जवाब तो देना ही चाहिए।
बताते चलें कि गुरूवार को सीएम नितीश कुमार के साथ जिस नवगठित मंत्रिमंडल ने शपथ लिया है उनमें पूर्व मंत्री शकुनी चैधरी के पुत्र सम्राट चैधरी, पूर्व विधायक जगदीश चैधरी के पुत्र विजय चैधरी, उपेंद्र कुशवाहा (पूर्व केंद्रीय मंत्री) और विधायक स्नेहलता कुशवाहा के पुत्र दीपक प्रकाश, पूर्व केंद्रीय मंत्री दिग्विजय सिंह और पूर्व सांसद पुतुल कुमारी की बेटी श्रेयसी सिंह, पूर्व केंद्रीय मंत्री कैप्टन जय नारायण निषाद की पुत्रवधु और पूर्व सांसद अजय निषाद की पत्नी रमा निषाद, पूर्व मंत्री महावीर चैधरी के पुत्र और समस्तीपुर की सांसद शांभवी चैधरी के पिता अशोक चैधरी, पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के पुत्र संतोष कुमार सुमन, पूर्व विधायक नवीन किशोर सिन्हा के पुत्र नितिन नवीन, पूर्व मंत्री चन्द्रिका राम के बेटे और पूर्व विधायक अनिल कुमार के भाई सुनील कुमार एवं समता पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष स्व. भूटन सिंह की पत्नी लेसी सिंह को शामिल हैं।
श्री ठाकुर ने कहा कि गुरूवार को शपथ लेने वाले 26 मंत्रियों में 11 पुर्व या वर्तमान मंत्री के परिजन हैं। इसे बडा परिवारवाद क्या होगा कि बिना किसी सदन का सदस्य बने किसी को सीधे मंत्री बना दिया गया। एनडीए नेताओं को इस गंभीर मामले पर चुप्पी तोड़ कर स्पष्टीकरण देना चाहिए।