
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
रणधीर कुमार।
Oini 24 दलसिंहसराय नगर। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की इंटरमीडिएट साइंस परीक्षा 2026 का परीक्षाफल सोमवार को घोषित होते ही जिले के दलसिंहसराय स्थित पांड में खुशी की लहर दौड़ गई, जिसमें प्रथम स्थान हासिल कर दलसिंहसराय के छात्र आदित्य प्रकाश अमन ने राज्य स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त किया है।
संस्कृत से लगाव डॉ बनने की चाहत :
मुख्तियारपुर सलखनन्नी निवासी शिक्षक हरेंद्र कुमार और रिंकू कुमारी के पुत्र आदित्य ने अपनी कड़ी मेहनत और परिवार के सहयोग से यह उपलब्धि हासिल जिले का नाम रौशन किया है। संस्कृत भाषा से गहरा लगाव रखने वाले इस मेधावी छात्र का सपना डॉक्टर बन कर देश की सेवा करना है।
स्वाध्याय के दम पर बना टॉपर :
संवाददाता से बातचीत के दौरान आदित्य ने इस सफलता का श्रेय राधा रानी, माता-पिता और गुरुजनों के आशीर्वाद को दिया। बताते चलें कि, पांचवीं कक्षा तक प्रारंभिक शिक्षा रामचन्द्रपुर के सरकारी विद्यालय में अपनी मौसी के घर रहकर पूरी की। तत्पश्चात छठी कक्षा के लिए 2019 में सिम्मुलतल्ला आवासीय विद्यालय में प्रवेश परीक्षा पास कर दाखिला लिया। यही से दसवीं कक्षा में भी 476 अंकों के साथ प्रथम स्थान प्राप्त कर किया था। वर्तमान में माता के साथ दलसिंहसराय के माल गोदाम रोड के पास किराए के मकान में रहकर स्वाध्याय से बारहवीं की तैयारी कर यह मुकाम हासिल किया है।
कभी हार नहीं मानी :
मां रिंकू देवी ने बेटे की सफलता पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, “बेटे की यह उपलब्धि ही हमारा सब कुछ है। वह हमेशा से मेहनती रहा है।” पिता हरेंद्र कुमार ने बताया कि परिवार की आर्थिक स्थिति बहुत अच्छी नहीं होने के बावजूद आदित्य ने कभी हार नहीं मानी। अपने कठोर परिश्रम और स्वाध्याय के बल पर आगे बढ़ता रहा है।
ग्रामीण छात्रों के लिए प्रेरणा स्रोत बनेगा आदित्य की यह सफलता :
स्थानीय लोगों में भी उनकी सफलता को लेकर खुशी की लहर है। सोमवार को दिन चढ़ते ही आदित्य व उसके परिजनों को बधाई देने के लिए लोगों के आने का सिलसिला शुरू हो गया। इसी क्रम में रामचंद्रपुर स्थित विद्यालय के प्रधानाचार्य नीरज कुमार सहित शिक्षकों व ग्रामीणों ने बधाई तथा उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आदित्य की यह उपलब्धि ग्रामीण क्षेत्र के छात्रों के लिए जबरदस्त प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के मुताबिक इस वर्ष 12वीं की परीक्षा में कुल 13 लाख से अधिक छात्र-छात्राएंवो शामिल हुए
थे।