
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 डेस्क समस्तीपुर। राष्ट्रीय शिक्षुता प्रशिक्षण योजना युवाओं को वास्तविक औद्योगिक वातावरण में कौशल विकसित करने का अवसर देती है। साथ ही रोजगार के लिए उन्हें तैयार भी करती है।
राष्ट्रीय शिक्षुता प्रशिक्षण योजना के तहत समस्तीपुर महाविद्यालय, समस्तीपुर में मंगलवार को आयोजित एक दिवसीय सेमिनार को संबोधित करते हुए मुख्य वक्ता अखिलेश कुमार ने उक्त बातें कही।
उन्होंने कहा कि इस योजना से विद्यार्थियों में न केवल तकनीकी दक्षता बढ़ेगी, बल्कि उन्हें वास्तविक औद्योगिक वातावरण में काम करने का अनुभव भी प्राप्त होगा, जो भविष्य में नौकरी पाने में सहायक साबित होगा। इसके अलावा उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल विकास भी हो सकेगा।
बताते चले कि समस्तीपुर महाविद्यालय, समस्तीपुर में मंगलवार को राष्ट्रीय शिक्षुता प्रशिक्षण योजना के तहत एक दिवसीय सेमिनार का आयोजन किया गया जिसमें छात्रों को उद्योग आधारित प्रशिक्षण, रोजगार के अवसर और सरकार द्वारा संचालित शिक्षुता योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई।
इस अवसर पर सबसे पहले अतिथियों के स्वागत और परस्पर परिचय की औपचारिकता के बाद मुख्य अतिथि प्राचार्य प्रो (डॉ.) शशि भूषण कुमार शशि एवं मुख्य वक्ता क्षेत्रीय शिक्षुता सलाहकार अखिलेश कुमार ने दीप प्रज्वलित कर सेमिनार का शुभारंभ किया।
इस दौरान सेमिनार में उपस्थित विद्यार्थियों ने योजना का लाभ कैसे उठाएं, जैसे कई प्रश्नों के माध्यम से संदर्भित विषय में अपनी जिज्ञासा व्यक्त की और मार्गदर्शन प्राप्त किया।
इस अवसर पर कॉलेज प्रशासन ने घोषणा किया कि आने वाले समय में योजना के तहत विभिन्न उद्योगों से कैंपस शिक्षुता ड्राइव भी आयोजित की जाएगी। प्राचार्य ने वक्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन छात्रों को न केवल जानकारी प्रदान करते हैं बल्कि उन्हें भविष्य निर्माण के अवसर भी उपलब्ध कराते हैं।
वहीं शिक्षुता प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट आफिसर डॉ. रोहित प्रकाश ने कहा कि शिक्षा विभाग के निर्देश के आलोक में राष्ट्रीय शिक्षुता और प्रशिक्षण योजना की शुरुआत की जा रही है। इस क्रम में उन्होंने एटीपीओ की भूमिका और जिम्मेदारियों के बारे में बताया और छात्रों को पोर्टल पर पंजीकरण के बारे में मार्गदर्शन किया।
इस क्रम में डॉ. रोहित ने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के क्रियान्वयन हेतु उच्च शिक्षा निदेशालय द्वारा इस कार्यक्रम को लागू किया जा रहा है। समस्तीपुर जिले में स्नातक उत्तीर्ण छात्रों के लिए अच्छी योजना है। प्रशिक्षण लेने वाले प्रशिक्षुओं को हर महीने नौ हजार रुपये मिलेंगे।
प्रशिक्षण की अवधि 12 महीने की है। यह पहल स्थानीय युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने तथा उद्योगों की आवश्यकता के अनुरूप तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
अपने संबोधन में मुख्य वक्ता श्री अखिलेश ने राष्ट्रीय शिक्षुता प्रशिक्षण योजना के लिए पोर्टल पर पंजीकरण, प्रशिक्षण की अवधि, उद्योगों की आवश्यकताओं तथा मासिक स्टाइपेंड संबंधी महत्वपूर्ण जानकारी साझा की और कहा कि बीए, बीएससी, बीबीए, बीसीए तथा बी कॉम की डिग्री धारी छात्रों को लाभ मिलेगा।
मौके पर डा. दयानंद मेहता, प्रो. अखिल वर्मा, प्रो. कुणाल, डा. खुर्शीद अहमद खान, दीपक कुमार आदि उपस्थित रहे।