
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
समस्तीपुर। पिपुल फ्रैन्डली बनने की कवायद में जुटी पुलिस अपराधी फ्रैंडली बनती दिख रही है। शराब बरामदगी और वाहन चेकिंग मामलों में चुस्त और तत्पर दिखने वाली समस्तीपुर पुलिस मारपीट या हिंसक झड़प या जानलेवा हमले के मामले में आश्चर्यजनक तरीके से सुस्त पड़ जाती है।
बकरीद के दिन जितवारपुर चौथ में घटित मारपीट मामले में पुलिस की गतिविधि भी उक्त कथन को सिद्ध करती प्रतीत होती है।
बताते चलें कि आपसी जमीन विवाद को लेकर बकरीद के दिन कुटुम्ब जनों से मिल कर जितवारपुर चौथ से लौट रहे नैयर आलम उर्फ नवाब और उनके पुत्र अब्दुल रहमान उर्फ प्रिंस पर नवाब के भाईयों ने अन्य लोगों के साथ हमला कर दिया था। इस घटना में दोनों पिता पुत्र गंभीर रूप से जख्मी हो गये थे। अगले दिन ही 8जून को मो नवाब ने लिखित आवेदन देकर मोहम्मद हेदायतुल्लाह, समसुज्जोहा और अन्य को नामजद करते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
मगर नामजद प्राथमिकी दर्ज होने के 7दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं। पुलिस द्वारा कार्रवाई नहीं किये जाने से आरोपियों का मनोबल इतना बढा है कि वे धमकी देने लगे हैं कि बकरीद पर जो हुआ वह ट्रेलर था, पूरी पिक्चर अभी बाकी है। जिससे पीड़ित पिता पुत्र सहित पूरा परिवार दहशत के साये में जीने को मजबूर है।
इस बाबत श्री आलम ने संवाददाता को बताया कि इस घटना की जानकारी एसपी, एएसपी सहित सभी आलाधिकारियों को है। एएसपी संजय पाण्डेय ने सुनिश्चित कार्रवाई का आश्वासन भी दिया था मगर परिणाम अभी शुन्य ही है। पुलिस कई लापरवाही का परिणाम है कि सभी आरोपी फरार हो गये हैं और अलग-अलग माध्यम से धमकी भरे संदेश भेज रहे हैं।
पीड़ित पिता पुत्र ने प्रशासन से न्याय की गुहार लगाते हुए कहा कि घटना को कई दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक न तो कोई कार्रवाई हुई है न गिरफ्तारी। उन्होंने कहा कि मैंने अपने साथ इस तरह के घटना की संभावना को लेकर अनुमंडल पदाधिकारी को सूचना दे कर समुचित कार्रवाई की गुहार लगाई थी, उन्होंने नगर थानाध्यक्ष को इस बाबत निर्देश भी दिया था, मगर कोई एहतियाती कदम नहीं उठाया गया। अब तो मुझे अपने और अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता हो रही है।
श्री आलम ने कहा कि हमनें पुलिस को हर अपेक्षित सहयोग दिया, फिर भी पुलिस द्वारा अब तक न कोई कारगर कदम नहीं उठाया जाना हमारी चिन्ता का सबब है। नवाब आलम ने प्रशासन से आग्रह किया है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर शीघ्र कार्रवाई की जाए, ताकि हमें न्याय मिले और इस दहशत भरी जिन्दगी से छुटकारा मिले।