
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
ओईनी । बिहार राज्य धार्मिक न्यास परिषद ने जिले के पूसा प्रखंड अंतर्गत ओईनी स्थित ठाकुरबाड़ी के मंदिर निर्माण पर लगाई गई रोक हटा लिया है। उक्त निर्णय के साथ ही मंदिर निर्माण तथा वर्षों से पुलिस अभिरक्षा में घर वापसी की प्रतीक्षा कर रहे ठाकुर जी व रामलला की घर वापसी का मार्ग प्रशस्त हो गया है।
उक्त जानकारी देते हुए ठाकुरबाड़ी के नव मनोनित महंथ नरसिंह दास ने बताया कि शीघ्र ही एक आम सभा का आयोजन कर मंदिर निर्माण एवं ठाकुर जी सहित सभी देवी देवताओं की मूर्तियों को पुनर्स्थापित करने पर कार्य योजना निर्माण कर तदनुरूप समुचित कार्रवाई की जायेगी।
बताते चलें कि सन् 1835 ई0 में स्थापित इस ठाकुर बाडी से क्रम बद्ध तरीके से पहले करीब 50 किलो से अधिक वजन का घंटा, तदुपरांत मुकुट व आभूषण तथा अंत में ठाकुर जी सहित राम, जानकी, लक्ष्मण, हनुमान आदि देवी देवता की मूर्तियों की चोरी हो गयी थी। मूर्तियों की चोरी के बाद पुलिस जब हरकत आयी तो पुलिसिया दबिश से सहमे चोर मूर्तियों को थाना परिसर में फेक कर भाग गये। तब से ठाकुर जी सहित सभी देवी देवता समस्तीपुर पुलिस की अभिरक्षा में जमानतदार की बाट जोह रहे हैं।
इसी बीच कतिपय स्थानीय स्वार्थी लोगों व अति महत्वाकांक्षी युवाओं के बीच अंतर्द्वंद के कारण यह ठाकुरबाड़ी विवाद में उलझ गया। जिसकी जानकारी मिलते ही हस्तक्षेप करते हुए बिहार धार्मिक न्यास परिषद ने मंदिर निर्माण पर रोक लगा दी थी। बहरहाल परिषद द्वारा रोक हटाने से लोगों में हर्ष का माहौल है।