
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 समस्तीपुर। शारीरिक स्वास्थ्य के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य भी व्यक्ति के समग्र विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। बच्चों और युवाओं में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति सही समझ विकसित करना समय की महत्वपूर्ण आवश्यकता है। भावनात्मक परेशानी या मानसिक तनाव को छिपायें नहीं उसके बारे में खुल कर बात करें।
जागरूकता, संवाद और संवेदनशीलता :
शुक्रवार को मानसिक स्वास्थ्य को लेकर आयोजित एक जागरूकता रैली के दौरान पोदार इंटरनेशनल स्कूल के प्राचार्य अखौरी नील किशोर सिन्हा ने उक्त बातें कही। इस दौरान उन्होंने कहा कि भावनाओं को समझना, आवश्यकता पड़ने पर परिवार, शिक्षक या विशेषज्ञ से बात करना और एक-दूसरे के प्रति संवेदनशील रहना स्वस्थ समाज की पहचान है। जागरूकता, संवाद और संवेदनशीलता के माध्यम से मानसिक स्वास्थ्य को लेकर फैली झिझक और गलत धारणाओं को कम किया जा सकता है।
करीब 200 बच्चे हुए शामिल :
बताते चलें कि, मानसिक स्वास्थ्य के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से शहर के शंभुपट्टी स्थित पोदार इंटरनेशनल स्कूल के तत्वावधान में एक भव्य जागरूकता रैली का आयोजन किया गया। रैली डीआरएम कार्यालय से प्रारंभ होकर गोलंबर होते हुए पटेल मैदान तक पहुंची। विद्यालय के प्रधानाचार्य अखौरी नील किशोर सिन्हा एवं आशा सेवा संस्थान के सचिव अमित कुमार वर्मा के नेतृत्व में सम्पन्न इस रैली में हाथों में जागरूकता संदेशों से संबंधित पोस्टर एवं तख्तियां थामे लगभग 200 बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
नुक्कड़ नाटक के माध्यम से की अपील :
रैली के दौरान छात्रों ने नारे लगा कर लोगों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति सजग व सतर्क रहने के लिए जागरूक किया। इसी क्रम में उन्होंने पटेल मैदान गोलंबर के समीप मानसिक स्वास्थ्य से संबंधित नुक्कड़ नाटक के माध्यम से भावनात्मक परेशानियों तथा मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशील रहने और इन्हें छुपाने के बजाय खुलकर बात करें और जरूरत पड़ने पर उचित सहयोग प्राप्त करें।