
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 पूसा। डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा में तीन से पांच दिसंबर तक आयोजित होने वाले तीन दिवसीय किसान मेले की तैयारियां तेज हो गई हैं। मेले के सफल आयोजन के लिए कुलपति डॉ. पीएस पांडेय ने 20 से अधिक समितियों का गठन किया है। हाल ही में उन्होंने सभी समितियों के कार्यों की समीक्षा कर व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
किसानों की सुविधा और सहूलियत को प्राथमिकता :
समीक्षा के दौरान कुलपति ने कहा कि, किसान मेला विश्वविद्यालय का सबसे बड़ा आयोजन है। इसमें बिहार के अलावा अन्य राज्यों से भी हजारों किसान पहुंचते हैं। ऐसे में किसानों की सुविधा और सहूलियत को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। इस क्रम में उन्होंने आवासन, खान–पान, पेयजल, शौचालय और साफ-सफाई, सुरक्षा आदि की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए विशेष टीम तैनात करने का निर्देश दिये।
बैलगाड़ी से कृषि परिसर का भ्रमण करेंगे किसान :
इस बार किसान मेले में एग्री टूरिज्म को बढ़ावा देने की भी योजना है। कुलपति ने शहर से आने वाले लोगों और बच्चों को कृषि एवं ग्रामीण संस्कृति से जोड़ने के लिए विश्वविद्यालय परिसर में बैलगाड़ी से भ्रमण की व्यवस्था करने पर जोर दिया। इससे शहरी परिवेश से आने वाले किसान व उद्यमी ग्रामीण परंपराओं से परिचित हो सकेंगे। साथ ही विश्वविद्यालय के लिए आय के नए अवसर भी विकसित होंगे।
कृषि यंत्र से स्टार्टअप तक के लगेंगे स्टॉल :
मेले में कृषि यंत्र, बीज, जैविक खेती, डिजिटल एग्रीकल्चर, पशुपालन और कृषि स्टार्टअप से जुड़े स्टॉल लगाए जाएंगे। स्टॉलों की बिक्री शुरू हो चुकी है। 12×15 फीट के एक स्टॉल के लिए आठ हजार रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है।
कई मंत्री व सांसद होंगे मेले में शामिल :
विश्वविद्यालय के सूचना पदाधिकारी कुमार राज्यवर्धन ने बताया कि, मेला अवधि में केंद्र और बिहार सरकार के कृषि मंत्रियों के साथ कई सांसदों के शामिल होने की संभावना है। कुलपति ने सभी समितियों को आपसी समन्वय से काम करते हुए मेले को स्वच्छ, सुरक्षित और किसान हितैषी बनाने का निर्देश दिया है।