
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 डेस्क पुसा । ‘ग्राम अंगीकरण योजना’ के अंतर्गत बिरौली, पूसा पहुँची राष्ट्रीय खाद्य प्रौद्योगिकी, उद्यमिता एवं प्रबंधन संस्थान (निफ्टम) कुंडली की टीम डॉ राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय के अधीनस्थ कृषि विज्ञान केंद्र बिरौली के सहयोग से ग्रामीण महिलाओं और किसानों के लिए खाद्य प्रसंस्करण पर जागरूकता फैलाने तथा उद्यमशीलता और स्वावलंबी बनाने के उद्देश्य से अभियान चला रही है।
इस टीम का नेतृत्व डॉ. शेखर अग्निहोत्री और डॉ. नितिन कुमार कर रहे हैं। टीम में सोहम, गौरव, यशु, अधुराज, राज, हेमप्रसाथ, सहज, अब्दुल और सौरभ 9 विद्यार्थी शामिल हैं। इस बाबत जानकारी देते हुए डॉ. शेखर अग्निहोत्री ने बताया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण समुदाय, विशेषकर महिलाओं और किसानों को आत्मनिर्भर बनाना है।
इस संबंध में जानकारी देते हुए डॉ. नितिन कुमार ने कहा कि खाद्य प्रसंस्करण तकनीक का सही ज्ञान न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगा, बल्कि सुरक्षित और पौष्टिक भोजन को भी बढ़ावा देगा। इस दस दिवसीय कार्यक्रम में आलू, लहसुन, सोयाबीन एवं डेयरी प्रसंस्करण से जुड़ी कार्यशाला का आयोजन किया जाएगा।
डॉ. नितिन ने बताया इस प्रकार निफ्टम कुंडली ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन को बढ़ावा और वोकल फाॅर लोकल की भावना को जनमानस में पहुँचाने का कार्य कर रहा है।
वहीं कृषि विज्ञान केंद्र बिरौली के वरीय वैज्ञानिक डॉ आर के तिवारी ने बताया गया कि इन कार्यक्रमों का उद्देश्य महिलाओं को खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में तकनीकी कौशल और उद्यमशीलता से जुड़ा ज्ञान प्रदान करना है, ताकि वे आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें।