
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
Oini 24 मुजफ्फरपुर। दशरथ प्रसाद सिंह इंस्टिट्यूट ऑफ टीचर्स एजुकेशन परिसर में मंगलवार को हर तरफ हर्ष, उत्साह और उमंग का माहौल था। अवसर था सत्र 2025–27 के नव नामांकित डीएलएड/बीएड के छात्र छात्राओं के प्रथम दिवस आगमन पर ‘नूतन छात्र अभिनंदन समारोह’ का।
बेहतर प्रशिक्षण प्रदान के लिए प्रतिबद्धता पूर्वक संकल्पित :
इस अवसर पर अतिथियों के साथ संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर समारोह का उद्घाटन करते हुए प्रबंध निदेशक अमित कुमार ने नव नामांकित छात्र–छात्राओं को विश्वास दिलाते हुए कहा कि, दशरथ प्रसाद सिंह ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन्स आपको बेहतर प्रशिक्षण प्रदान के करने के लिए प्रतिबद्धता पूर्वक संकल्पित हैं।

हमें अपनी विरासत से जोड़ कर रखती है सांस्कृतिक चेतना :
इस दौरान उन्होंने कहा कि, “सर्वांगीण विकास का लक्ष्य साधने के लिए शिक्षा के साथ साथ सांस्कृतिक चेतना भी आवश्यक है। शिक्षा न सिर्फ हमारे विकास का मार्ग प्रशस्त करती है, बल्कि सही अर्थ में हमें मनुष्य भी बनाती है। वहीं सांस्कृतिक चेतना हमें अपनी मान्यताओं, परंपराओं और समृद्ध विरासत से जोड़ कर रखती है।”
दी पाठ्यक्रम की सविस्तार जानकारी :
उन्होंने कहा कि, डीपीएस ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन अपने प्रशिक्षु छात्र–छात्राओं के सर्वांगीण विकास के लिए प्रतिबद्धता पूर्वक संकल्पित और सदैव तत्पर है। इस मौके पर एक्जीक्यूटिव डायरेक्टर राजेश भारती ने डी०पी०एस० ग्रुप ऑफ़ इंस्टिट्यूशन द्वारा चलाए जा विभिन्न पाठ्यक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी।

झूमते तालियां बजाते दिखे छात्र–छात्राएं :
इसके पूर्व की छात्राओं यथा प्रीति कुमारी, तृप्ति कुमारी, नंदिनी कुमारी, अनु कुमारी, व प्रीति कुमारी ने सरस्वती वंदना से कार्यक्रम को दिशा दी। तत्पश्चात प्रकृति कुमारी, खुशबू कुमारी, जोली कुमारी, काजल कुमारी, एवं पल्लवी कुमारी ने भावपूर्ण लोक नृत्य और विविध गीतों की प्रस्तुति से सबका मन मोह लिया। इस दौरान उपस्थित नवागंतुक छात्र–छात्राएं सम्मोहन की अवस्था में झूमते तालियां बजाते दिखे।
पुस्तक का लोकार्पण :
समारोह के दौरान प्रबंध निदेशक अमित कुमार ने महाविद्यालय की व्याख्याता डॉ० बेबी कुमारी द्वारा लिखित पुस्तक ‘भारतीय इतिहास की पृष्ठभूमि देश से विदेश तक‘, इंटीग्रेटेड कोर्स विषय इतिहास का लोकार्पण किया। समारोह के दूसरे सत्र में महाविद्यालय के वरिष्ठ अध्यापक प्रोफेसर आशीष गौरव ने पाठ्यक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
कई लोगों किया संबोधित :
समारोह के दौरान, प्रो० नरेंद्र झा, प्रो० सिन्धु सिंह, प्रो0 सोनी सिंह, डॉ० सोनी कुमारी, प्रो० कुमारी रुबी, प्रो0 मधुबाला कुमारी, प्रो० सीमा श्रीवास्तव, प्रो० प्रशांत कुमार, प्रो० रुचि शुक्ला, प्रो० राजन कुमार, देवयानी, डॉ० धर्मेंद्र कुमार सिंह, राजश्री आदि ने भी अपने उद्गार व्यक्त किए।
संचालन व धन्यवाद ज्ञापन :
उद्घाटन सत्र में कार्यक्रम का संचालन प्रो० सीमा श्रीवास्तव एवं द्वितीय सत्र का संचालन छात्र राजू कुमार ने किया, धन्यवाद ज्ञापन डॉ. यशवंत कुमार ने किया।