
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
समस्तीपुर। ‘माइक्रोफाइनेंस इंडस्ट्री नेटवर्क द्वारा जिले के पूसा प्रखंड स्थित कैजिया बिशुनपुर गांव में माइक्रो फाइनेंस जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर अग्रणी जिला प्रबंधक सोनु कुमार ने लोगों को क्रेडिट रिकॉर्ड (सिबिल) तथा इससे होने वाले लाभ के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि समय पर ऋण मिलता रहे इसकेलिए अच्छा क्रेडिट रिकॉर्ड आवश्यक है। समय से ऋण चुकाने और केसीसी से समय समय पर लेनदेन करने से क्रेडिट रिकॉर्ड हमेशा अच्छा रहता है।

अपने संबोधन में उन्होंने सरकार द्वारा चल रही विभिन्न ऋण योजनाओं सहित अन्य योजनाओं पर भी प्रकाश डाला। इस दौरान डीडीएम नाबार्ड अभिनव कृष्ण ने माइक्रो फाइनेंस एवं एमएफआईएन द्वारा किये जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए बताया कि महिलाएं अपनी आवश्यकता एवं क्षमता के अनुसार ही ऋण लें। किसी व्यवसाय में निवेश करें, और उससे हुए आय से समय पर ऋण चुकाएं। किसी दूसरे केलिए जिम्मेदारी लेने या मध्यस्थ बनने से बचें।



इस क्रम में उन्होंने डिजिटल लेन-देन के बढते प्रयोग दौर में फ्राॅड के नये नये तकनीक से अवगत कराया और धोखाधड़ी से बचने के उपायों पर प्रकाश डाला।
एमएफआईएन के रीजनल हेड संजय कुमार ने बताया कि, आरबीआई द्वारा मान्यता प्राप्त तथा एनबीएफसी – एमएफआई की गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए राष्ट्रीय स्तर पर एक ‘स्व नियामक संगठन’ है एमएफआईएन। इस वक्त जिले में कुल 32 माइक्रो फाइनेंस कम्पनियां कार्यरत है। ये सभी आरबीआई द्वारा नियंत्रित है। उन्होंने बताया कि वित्तीय साक्षरता हर व्यक्ति के जीवन का एक महत्वपूर्ण अंग है। उन्होंने बताया कि ग्राहक को किसी भी तरह के शिकायत हो तो लोन कार्ड में दिए गए ‘ग्राहक शिकायत निवारण’ फोन नंबर पर अपना शिकायत दर्ज करवा सकते हैं। तत्काल उनकी शिकायत पर कार्रवाई की जायेगी।

ज्ञातव्य हो कि उक्त कार्यक्रम का आयोजन ‘माइक्रो फाइनेंस इंडस्ट्री नेटवर्क’ ने आईडीएफसी फर्स्ट भारत बैंक के सहयोग से किया।
एमएफआईएन के रीजनल हेड संजय कुमार ने बताया कि, आरबीआई द्वारा मान्यता प्राप्त तथा एनबीएफसी – एमएफआई की गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए राष्ट्रीय स्तर पर एक ‘स्व नियामक संगठन’ है एमएफआईएन। इस वक्त जिले में कुल 32 माइक्रो फाइनेंस कम्पनियां कार्यरत है। ये सभी आरबीआई द्वारा नियंत्रित है। उन्होंने बताया कि वित्तीय साक्षरता हर व्यक्ति के जीवन का एक महत्वपूर्ण अंग है। उन्होंने बताया कि ग्राहक को किसी भी तरह के शिकायत हो तो लोन कार्ड में दिए गए ‘ग्राहक शिकायत निवारण’ फोन नंबर पर अपना शिकायत दर्ज करवा सकते हैं। तत्काल उनकी शिकायत पर कार्रवाई की जायेगी।