
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
समस्तीपुर। उम्र महज 14 वर्ष, एक मैच में सबसे कम उम्र में अर्ध शतक और शतक सहित 14 बड़े रिकॉर्ड्स! वो भी अंतर्राष्ट्रीय स्तर के गेंदबाजों के धागे खोल कर! गजब, अद्भुत, अकल्पनीय, अविश्वसनीय! आईपीएल कैरियर का पहले मैच में, लखनऊ सुपर जेन्ट्स के खिलाफ शार्दुल ठाकुर के खिलाफ कैरियर के पहली गेंद पर 6 और 20 गेंद पर 34 रन। जरा ठहरिये ये तो महज ट्रेलर था। दूसरे मैच में जल्द आउट होना तो महज संयोग था। पहली गेंद पर छक्का देख क्रिकेट फैन्स से लेकर दिग्गजों और क्रिकेट पंडितों तक सबने कहा दिया लम्बी रेस का घोड़ा हैं वैभव।
जिन लोगों ने समस्तीपुर के इस नये धूमकेतु ताजपुर के लाल वैभव सूर्यवंशी को पहले मैच में आंसू पोछते बाहर आते देखा था उन्होंने इस क्रिकेट के नन्हे शावक के चेहरे पर जल्द आउट होने और कोच से शतक का वादा पूरा नहीं कर पाने की निराशा और आंसू के पीछे प्रतिबद्धता और संकल्प का भाव देखा था।
तमाम क्रिकेट पंडितों और दिग्गजों की बात सही साबित हो गया जब, जयपुर के मैदान में गुजरात टाइटंस के खिलाफ 28 अप्रैल को खेले जा रहे मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने अपने आईपीएल करियर का पहला और दूसरा सबसे तेज शतक जड़ दिया। इसके साथ ही उन्होंने न सिर्फ इतिहास रच दिया बल्कि 14 अन्य बड़े रिकॉर्ड्स पर भी अपने साथ बिहार के समस्तीपुर और ताजपुर का नाम लिख दिया।
इस मैच में श्री सूर्यवंशी ने अपनी बल्लेबाजी से सभी को प्रभावित किया। इस मुकाबले में बैटिंग करते हुए इन्होंने महज 35 गेदों मे अपना शतक पूरा किया। इन्होंने अपना शतक पूरा करने के लिए 7 चौके और कुल 11 छक्के लगाए हैं।
वैभव के शतक का स्वैग ही था कि पूरा स्टेडियम झूम रहा ही था, राजस्थान राॅयल के कोच राहुल द्रविड पांव टूटा होने के बावजूद टीम के साथ खड़े होकर ताली बजाते दिखे।
इसके साथ ही ये अब आईपीएल में सबसे तेज शतक लगाने वाले खिलाड़ियों की फेहरिस्त में दूसरे नंबर पर आ गए हैं। इनकी बल्लेबाजी और रनों की भूख को देखते हुए कहा जा रहा है कि, आने वाले समय में ये सभी रिकॉर्ड्स को ध्वस्त करने हुए दिखाई देंगे। इस मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने आउट होने के पहले 38 गेदों में 101 रन बनाए हैं और इन्हें प्रसिद्ध कृष्णा ने शानदार यॉर्कर बॉल पर क्लीन बोल्ड किया।
बताते चलें कि आईपीएल 2025 की नीलामी में युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी को राजस्थान की टीम ने इनके घरेलू क्रिकेट में तूफानी प्रदर्शन के आधार पर अपने साथ 1.1 करोड़ में जोड़ा था। ये सबसे कम उम्र में आईपीएल खिलाड़ी बने थे।
जब ये बिके थे तब किसी को भी उम्मीद नहीं थी कि, इन्हें राजस्थान की टीम मैनेजमेंट के द्वारा प्लेइंग 11 में मौका दिया जाएगा। लेकिन इत्तफाक से संजू सैमसन की इंजरी के बाद इन्हें मौका मिला था। बहरहाल वैभव के ताबरतोर शतक से पूरा समस्तीपुर झूम उठा है। उनके परिजनो, क्रिकेट प्रेमियो में खुशी की लहर दौड़ गयी।