
ओईनी न्यूज नेटवर्क।
समस्तीपुर। मई दिवस या अंतरराष्ट्रीय मजदूर दिवस श्रमशील मजदूर भाईयों केलिए विजय दिवस के रूप में विख्यात है। क्योंकि आज के दिन ही लंबे संघर्ष के बाद आज के ही दिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर श्रम कानून अस्तित्व में आया था। भाकपा माले एवं खेग्रामस के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को ताजपुर प्रखंड अन्तर्गत रहीमाबाद के बहादुरनगर में आयोजित मजदूर दिवस समारोह के अवसर पर भाकपा माले जिला कमिटी सदस्य सुुरेंद्र प्रसाद सिंह ने उक्त बातें अपने संबोधन के दौरान कही।
उन्होंने कहा कि आज के इस पुनीत अवसर पर हम मजदूरों के शोषण, दमन और असमानता के खिलाफ संघर्ष को तेज करने का संकल्प लेते हैं। मई दिवस पर संपन्न इस समारोह में सर्वप्रथम शहीदों को दो मिनट का मौन श्रद्धांजलि देने के पश्चात वरिष्ठ भाकपा माले नेता मुंशीलाल राय द्वारा झंडोत्तोलन किया गया। तदुपरांत मई दिवस के शहीदों को कार्यकर्ताओं ने लाल सलाम के गगन चुंबी नारों के बीच शहीद वेदी पर माल्यार्पण किया।
अपने संबोधन में भाकपा माले नेता काॅ सिंह ने कहा कि मजदूरों की सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक आज़ादी की लड़ाई को नई ऊर्जा और दिशा देने की ज़रूरत है। आज जब पूरी दुनिया श्रमिकों की मेहनत, पसीने और त्याग पर खड़ी है, तब उनके अधिकारों की अवहेलना किसी भी रूप में स्वीकार्य नहीं हो सकती।
उन्होंने कहा कि दुनिया के मजदूरों एक हो’- यह नारा आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना पहले था। मजदूरों के पास खोने को केवल बेड़ियां हैं, पर पाने को एक नई दुनिया है। चारों श्रम कोड की वापसी इसी दिशा में एक नितान्त आवश्यक कदम है।
वहीं खेग्रामस प्रखंड सचिव प्रभात रंजन गुप्ता ने कहा सांप्रदायिक राजनीति के खिलाफ मजदूर वर्ग की एकता को और मजबूती देते हुए मजदूरों से आगे आकर संघर्ष तेज करने का आह्वान किया।
मौके पर नीलम देवी, रजिया देवी, रजनी देवी, शैल देवी, सीता देवी, सुनीता देवी, अन्नू देवी, पुनम देवी, पिंकी देवी, रितिया देवी, हेमा देवी, राधा देवी, प्रिति कुमारी, तिलिया देवी, उर्मिला देवी, सोनी देवी,
चंद्रा देवी, कांति देवी, चांदनी देवी, पवित्री देवी, धर्मेंद्र पासवान, शर्मिला देवी, रानी कुमारी, संगीता देवी, अंजली कुमारी, रिंकू देवी समेत भाकपा-माले एवं खेग्रामस के कार्यकर्ता मौजूद थे।