Close Menu
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Trending
    • रोसड़ा डीसीएलआर कंचन झा घरेलू नौकर के साथ रिश्वत लेते गिरफ्तार
    • प्रधानाध्यापक ने जिला शिक्षा पदाधिकारी से मांगी दो पालियों में वर्ग संचालन की अनुमति
    • मुंगेर विश्वविद्यालय का तीसरा दीक्षांत समारोह 11 को
    • समस्तीपुर में 2500 से अधिक युवाओं को मिलेगा सीधा रोजगार
    • शोध परिषद की बैठक में 50 कृषि परियोजनाओं को वित्त पोषण की मिली हरी झंडी, 2-3 साल में दिखेगा असर
    • समन्वित रूप से कार्य करते हुए आयोजन को बनाएं सफल एवं यादगार : कुलपति
    • इस वर्ष भी समारोह पूर्वक मनेगी पंडित विष्णु नारायण भातखण्डे की 166वीं जयंती ‘संगीताञ्जलि’
    • एआई, डिजिटल एग्रीकल्चर और रोबोटिक्स बदल देंगे पूरी दुनिया के कृषि का स्वरूप : कुलपति
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Login
    OINI24
    • होम |
    • देश/विदेश |
    • राज्य |
    • बिहार |
    • समस्तीपुर |
    • बिजनेस |
    • कृषि |
    • शिक्षा |
    • धर्म |
    • उपलब्धि |
    • सामाजिक |
    • विविध |
    • स्वास्थ्य
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Login
    OINI24
    • होम |
    • देश/विदेश |
    • राज्य |
    • बिहार |
    • समस्तीपुर |
    • बिजनेस |
    • कृषि |
    • शिक्षा |
    • धर्म |
    • उपलब्धि |
    • सामाजिक |
    • विविध |
    • स्वास्थ्य
    Home » किसान मेला 2026 : डिजिटल एग्रीकल्चर के मॉडल किसानों को कर रहे जागरूक

    किसान मेला 2026 : डिजिटल एग्रीकल्चर के मॉडल किसानों को कर रहे जागरूक

    डिजीटल एग्रीकल्चर में सेटेलाइट को वीसी ने बताया बहुउपयोगी
    Dr. Sanjay KumarBy Dr. Sanjay Kumar14/03/2026No Comments3 Mins Read
    Facebook WhatsApp Twitter Email
    कृषि अभियंत्रण महाविद्यालय का स्टॉल।

    ओईनी न्यूज नेटवर्क।

    Oini 24 समस्तीपुर। डॉ राजेन्द्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा में डिजिटल एग्रीकल्चर के माध्यम से कृषि को अधिक नवाचार आधारित बनाने और किसानों की आय बढ़ाने केलिए विभिन्न आधुनिक मॉडलों का प्रदर्शन किया जा रहा है। इन मॉडलों के जरिए किसानों को नई तकनीकों की जानकारी दी जा रही है, ताकि वे आधुनिक तरीकों को अपनाकर खेती को अधिक लाभकारी बना सकें।

    किसान मेला 2026 के दूसरे दिन मेला में लगे कृषि अभियंत्रण एवं प्रौद्योगिकी महाविद्यालय के स्टॉल का निरीक्षण करते हुए विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ पीएस पाण्डेय ने उक्त बातें कही। 

    सैटेलाइट मौसम पूर्वानुमान व कीट प्रबंधन में सहायक :

    उन्होंने बताया कि, विश्वविद्यालय परिसर में लगाए गए इन मॉडलों में यह प्रदर्शित किया गया है कि कैसे सैटेलाइट के कारण, मोबाइल फोन के माध्यम से सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली को संचालित किया जा सकता है तथा फसलों में पोषक तत्वों का संतुलित प्रबंधन किया जा सकता है। साथ ही उन्होंने बताया कि, सैटेलाइट के माध्यम से किसानों को मौसम, एवं उसके अनुरूप फसलों पर किसी प्रकार के कीट के प्रकोप की संभावना एवं उसके प्रभावी प्रबंधन की ससमय जानकारी मिल सकेगी।

    डिजीटल एग्रीकल्चर में व्यापक संभावना :

    कुलपति डॉ. पी.एस. पांडेय ने कहा कि आने वाले समय में डिजिटल एग्रीकल्चर के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं। विश्वविद्यालय डिजिटल एग्रीकल्चर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ड्रोन तकनीक मे कई कार्य कर रहा है ‌‌। किसान मेला में नई तकनीकों को लेकर लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया जा रहा है। 

    खेती को अधिक वैज्ञानिक और सटीक बना देगा एआई तकनीक :

    विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों का कहना है कि डिजिटल कृषि और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से खेती को अधिक वैज्ञानिक और सटीक बनाया जा सकता है। इससे किसानों को समय पर आवश्यक जानकारी प्राप्त होगी और उत्पादन लागत कम करने के साथ-साथ उपज में भी वृद्धि संभव हो सकेगी।

    ड्रोन तकनीक से सिंचाई व कीटनाशक आदि छिड़काव होगा आसान :

    इसके साथ ही किसानों को ड्रोन तकनीक के उपयोग के बारे में भी जागरूक किया जा रहा है। ड्रोन के माध्यम से फसलों की निगरानी, उर्वरक एवं कीटनाशक के छिड़काव तथा खेतों की स्थिति का आकलन तेजी और सटीकता के साथ किया जा सकता है।

    ड्रोन दीदी” कार्यक्रम के तहत कई ड्रोन पायलट हो चुकी प्रशिक्षित :

    विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार इससे पहले यहां “ड्रोन दीदी” कार्यक्रम के तहत कई महिलाओं को ड्रोन पायलट के रूप में प्रशिक्षित किया जा चुका है। इसके अलावा बिहार पुलिस सहित अन्य विभागों के कर्मियों को भी ड्रोन संचालन का प्रशिक्षण दिया गया है, ताकि विभिन्न क्षेत्रों में इस तकनीक का प्रभावी उपयोग किया जा सके।

    How useful was this post?

    Click on a star to rate it!

    Average rating 0 / 5. Vote count: 0

    No votes so far! Be the first to rate this post.

    Digital Agriculture Dr. P.S. Pandey Dr. Rajendra Prasad Central Agriculture University Pusa
    Share. Facebook WhatsApp Twitter Email
    Dr. Sanjay Kumar
    • Website

    Related Posts

    समस्तीपुर में 2500 से अधिक युवाओं को मिलेगा सीधा रोजगार

    08/08/2026

    शोध परिषद की बैठक में 50 कृषि परियोजनाओं को वित्त पोषण की मिली हरी झंडी, 2-3 साल में दिखेगा असर

    07/08/2026

    इस वर्ष भी समारोह पूर्वक मनेगी पंडित विष्णु नारायण भातखण्डे की 166वीं जयंती ‘संगीताञ्जलि’

    06/08/2026
    Leave A Reply Cancel Reply

    Donate Now

    Facebook X (Twitter) Pinterest Vimeo WhatsApp TikTok Instagram

    News

    • World
    • US Politics
    • EU Politics
    • Business
    • Opinions
    • Connections
    • Science

    Company

    • Information
    • Advertising
    • Classified Ads
    • Contact Info
    • Do Not Sell Data
    • GDPR Policy
    • Media Kits

    Services

    • Subscriptions
    • Customer Support
    • Bulk Packages
    • Newsletters
    • Sponsored News
    • Work With Us

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    © 2026 oini24. Designed by CS.
    • Privacy Policy
    • Terms
    • Accessibility
    • Contact

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Sign In or Register

    Welcome Back!

    Login to your account below.

    Lost password?